UPI के बाद अब AI और ब्लॉकचेन की बारी, NPCI की नई टेक कंपनी NTSL देगी डिजिटल भारत को रफ्तार।!!!
NPCI ने बनाई नई टेक कंपनी NTSL: अब AI और ब्लॉकचेन पर होगा पूरा ज़ोर……
क्या हुआ?
UPI चलाने वाली संस्था NPCI (National Payments Corporation of India) ने 4 नवंबर 2026 को एक नई कंपनी बनाई है। इसका नाम NPCI Tech Solutions Limited (NTSL) है। यह NPCI की पूरी तरह अपनी मालिकाना सहायक कंपनी है, और इसका काम AI, ब्लॉकचेन और डिजिटल वित्तीय ढाँचे जैसी नई तकनीकों में NPCI की ताकत बढ़ाना है।
NPCI ने विशाल कन्वटी (Vishal Kanvaty) को इस नई कंपनी का मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO बनाया है। वे अब तक NPCI के मुख्य तकनीकी अधिकारी (CTO) थे।
NTSL क्या-क्या करेगी?
NPCI के अनुसार NTSL ग्रुप की “टेक्नोलॉजी और इनोवेशन शाखा” की तरह काम करेगी। उसके मुख्य क्षेत्र हैं: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ब्लॉकचेन, डिजिटल वित्तीय ढाँचा और Global Capability Centre (GCC) सेवाएँ। इसके अलावा यह कंपनी eKYC Setu और Unified Ticketing Platform (UTP) जैसी सरकारी-स्तर की डिजिटल सुविधाओं के लिए भी तकनीकी सेवाएँ देगी।
NPCI प्रमुख का बयान
NPCI के MD और CEO दिलीप आस्बे ने कहा कि NPCI के सफर में तकनीक हमेशा केंद्र में रही है। उनके अनुसार AI जैसी नई तकनीकें डिजिटल ढाँचे और वित्तीय सेवाओं में नए मौके खोल रही हैं, और NTSL इन्हीं मौकों के लिए बनाई गई है।
अब NPCI की कितनी कंपनियाँ हैं?
NPCI की स्थापना RBI और भारतीय बैंक संघ (IBA) ने की थी। NTSL बनने के बाद इसकी चार पूर्ण-स्वामित्व वाली सहायक कंपनियाँ हो गई हैं। NPCI के अनुसार NTSL को बोर्ड और RBI दोनों की मंज़ूरी के बाद बनाया गया है।
| सहायक कंपनी | मोटा-मोटा काम |
|---|---|
| NIPL (NPCI International Payments Ltd) | भारत के भुगतान सिस्टम को विदेश तक ले जाना |
| NBBL (NPCI Bharat BillPay Ltd) | बिल भुगतान सेवा (Bharat BillPay) |
| NBSL (NPCI BHIM Services Ltd) | BHIM ऐप से जुड़ी सेवाएँ |
| NTSL (नई) | AI, ब्लॉकचेन, डिजिटल ढाँचा, GCC |
यह कदम अचानक क्यों नहीं है? (पृष्ठभूमि)
NTSL कोई अकेला फैसला नहीं, बल्कि पिछले दो-ढाई साल की तैयारी का अगला कदम दिखता है:
- मार्च 2024: NPCI ने बेंगलुरु के भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) के साथ ब्लॉकचेन और AI पर लंबे समय के साझा शोध का समझौता किया।
- फरवरी 2026: NPCI ने NVIDIA के साथ मिलकर भारत के भुगतान तंत्र के लिए “संप्रभु AI” (sovereign AI) की क्षमता बढ़ाने की घोषणा की, यानी छोटे-छोटे अलग AI टूल से आगे बढ़कर एक मज़बूत बुनियादी AI परत बनाना।
- जून 2026: NPCI ने Drunix नाम का ओपन-सोर्स ब्लॉकचेन प्लेटफॉर्म जारी किया, जो कंपनियों को टोकनाइज़ेशन और डिजिटल एसेट सिस्टम बनाने में मदद करता है। यह Falcon के बाद NPCI का दूसरा बड़ा ओपन-सोर्स योगदान है।
आसान भाषा में खास शब्द
- AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस): मशीन को इस तरह सिखाना कि वह इंसान की तरह पैटर्न पहचाने और फैसले ले। भुगतान में इसका इस्तेमाल अक्सर धोखाधड़ी पकड़ने में होता है।
- ब्लॉकचेन: एक डिजिटल बही-खाता, जिसमें दर्ज हुआ लेन-देन आसानी से बदला नहीं जा सकता और जिसे कई लोग मिलकर सँभालते हैं।
- टोकनाइज़ेशन: किसी चीज़ (जैसे संपत्ति या कार्ड की जानकारी) को सुरक्षित डिजिटल “टोकन” में बदलना।
- Global Capability Centre (GCC): किसी कंपनी का अपना टेक या सेवा केंद्र, जहाँ से वह अपने काम को बड़े स्तर पर सँभालती है।
- Wholly owned subsidiary: ऐसी कंपनी जिसकी 100% हिस्सेदारी मूल कंपनी के पास हो।
- eKYC Setu: पहचान की ऑनलाइन जाँच से जुड़ा NPCI का डिजिटल ढाँचा। इसका नाम खबर में है, पर ब्योरा नहीं दिया गया।
विश्लेषण: इसका मतलब क्या हो सकता है?
- NPCI अब सिर्फ “भुगतान संस्था” नहीं रहना चाहती। खबर में खुद लिखा है कि यह कदम उसके मूल भुगतान काम से आगे का विस्तार है।
- अलग कंपनी बनाने का फायदा: नई तकनीक पर काम और उसका व्यावसायीकरण अलग टीम और अलग जवाबदेही के साथ हो सकता है, जबकि UPI जैसा मुख्य सिस्टम अपनी जगह स्थिर चलता रहे।
- आम आदमी के लिए: सीधा असर अभी नहीं दिखेगा। पर आगे चलकर तेज़ और सुरक्षित भुगतान, बेहतर धोखाधड़ी-रोकथाम और आसान पहचान-जाँच जैसी सेवाएँ मिल सकती हैं।
- देखने वाली बात: NTSL कितनी सेवाएँ बाहर की कंपनियों या सरकारी योजनाओं को देगी, और AI से जुड़ी निजी जानकारी की सुरक्षा के नियम क्या होंगे। इन पर अभी जानकारी नहीं आई है।
ध्यान दें
यह खबर फिलहाल कंपनी बनने और नियुक्ति की घोषणा है। NTSL का बजट, कर्मचारियों की संख्या या कोई नया प्रोडक्ट अभी बताया नहीं गया है। इसलिए इन पर कोई दावा न करें।
